Mon, 10 Aug 2026
Breaking News
परसपुर/करनैलगंज/ गोंडा : जिस गांव से अदम गोंडवी ने व्यवस्था को आईना दिखाया, उसी गांव की सड़कें आज भी कीचड़ और गड्ढों में तब्दील | माफिया अतीक के बेटे की मौत,भाई से मिलने गया था जेल : पूंछ थाना क्षेत्र में कार झांसी कानपुर हाइवे के डिवाइडर से टकराई | परसपुर/करनैलगंज/ गोंडा : छात्र अमित यादव से मारपीट मामले में ABVP ने जाना हाल, परिजनों से की मुलाकात | शाम 8:30बजे की बड़ी खबरें........ : शेखर न्यूज़ उत्तर प्रदेश से प्रमुख मुख्य खबरें | सीतापुर में विद्युत तारों से टकराया डीजे दो की मौत : चार झुलसे, कावरियों को जागरूक करने के लिए निकले थे | परसपुर/करनैलगंज/ गोंडा : महज 6 वर्ष की उम्र में अद्भुत प्रतिभा का प्रदर्शन, रुद्र प्रताप साहू की स्मरण शक्ति ने सभी को किया हैरान | बड़े ही हर्ष उल्लास से मनाया गया गुरु पूर्णिमा पर्व : जगह जगह पूजन वंदन किया गया | विधायक निवास लखनऊ की सातवीं मंजिल से गिरे पूर्व मंत्री : हुई मौत आत्महत्या या हादसा पुलिस कर रही जॉच | गायक मुकेश के बारे में लेख.... : बहन की शादी में गए गानों से फिल्मी बुलंदियों तक का सफर मुकेश ने कैसे तय किया देखें | उत्तर प्रदेश में बारिश का अलर्ट : बलिया में नहर टूटी , एक्सप्रेस वे पर सड़क हुई क्षतिग्रस्त | परसपुर/करनैलगंज/ गोंडा : जिस गांव से अदम गोंडवी ने व्यवस्था को आईना दिखाया, उसी गांव की सड़कें आज भी कीचड़ और गड्ढों में तब्दील | माफिया अतीक के बेटे की मौत,भाई से मिलने गया था जेल : पूंछ थाना क्षेत्र में कार झांसी कानपुर हाइवे के डिवाइडर से टकराई | परसपुर/करनैलगंज/ गोंडा : छात्र अमित यादव से मारपीट मामले में ABVP ने जाना हाल, परिजनों से की मुलाकात | शाम 8:30बजे की बड़ी खबरें........ : शेखर न्यूज़ उत्तर प्रदेश से प्रमुख मुख्य खबरें | सीतापुर में विद्युत तारों से टकराया डीजे दो की मौत : चार झुलसे, कावरियों को जागरूक करने के लिए निकले थे | परसपुर/करनैलगंज/ गोंडा : महज 6 वर्ष की उम्र में अद्भुत प्रतिभा का प्रदर्शन, रुद्र प्रताप साहू की स्मरण शक्ति ने सभी को किया हैरान | बड़े ही हर्ष उल्लास से मनाया गया गुरु पूर्णिमा पर्व : जगह जगह पूजन वंदन किया गया | विधायक निवास लखनऊ की सातवीं मंजिल से गिरे पूर्व मंत्री : हुई मौत आत्महत्या या हादसा पुलिस कर रही जॉच | गायक मुकेश के बारे में लेख.... : बहन की शादी में गए गानों से फिल्मी बुलंदियों तक का सफर मुकेश ने कैसे तय किया देखें | उत्तर प्रदेश में बारिश का अलर्ट : बलिया में नहर टूटी , एक्सप्रेस वे पर सड़क हुई क्षतिग्रस्त | परसपुर/करनैलगंज/ गोंडा : जिस गांव से अदम गोंडवी ने व्यवस्था को आईना दिखाया, उसी गांव की सड़कें आज भी कीचड़ और गड्ढों में तब्दील | माफिया अतीक के बेटे की मौत,भाई से मिलने गया था जेल : पूंछ थाना क्षेत्र में कार झांसी कानपुर हाइवे के डिवाइडर से टकराई | परसपुर/करनैलगंज/ गोंडा : छात्र अमित यादव से मारपीट मामले में ABVP ने जाना हाल, परिजनों से की मुलाकात | शाम 8:30बजे की बड़ी खबरें........ : शेखर न्यूज़ उत्तर प्रदेश से प्रमुख मुख्य खबरें | सीतापुर में विद्युत तारों से टकराया डीजे दो की मौत : चार झुलसे, कावरियों को जागरूक करने के लिए निकले थे | परसपुर/करनैलगंज/ गोंडा : महज 6 वर्ष की उम्र में अद्भुत प्रतिभा का प्रदर्शन, रुद्र प्रताप साहू की स्मरण शक्ति ने सभी को किया हैरान | बड़े ही हर्ष उल्लास से मनाया गया गुरु पूर्णिमा पर्व : जगह जगह पूजन वंदन किया गया | विधायक निवास लखनऊ की सातवीं मंजिल से गिरे पूर्व मंत्री : हुई मौत आत्महत्या या हादसा पुलिस कर रही जॉच | गायक मुकेश के बारे में लेख.... : बहन की शादी में गए गानों से फिल्मी बुलंदियों तक का सफर मुकेश ने कैसे तय किया देखें | उत्तर प्रदेश में बारिश का अलर्ट : बलिया में नहर टूटी , एक्सप्रेस वे पर सड़क हुई क्षतिग्रस्त |

: भूकंप के दौरान क्या करें

आर के पाण्डेय एडिटर इन चीफ बैज़लपुर उत्तर प्रदेश / Tue, Oct 3, 2023 / Post views : 184

Share:

ग़ाज़ियाबाद

भूकंप के दौरान जितना संभव हो उतना सुरक्षित रहें। इस बात के प्रति सतर्क रहें कि कौन-से भूकंप वास्तव में इसकी पूर्व-चेतावनी देने वाले भूकंप के झटके होते हैं और बाद में बड़ा भूकंप भी आ सकता है। धीरे-धीरे कुछ कदमों तक सीमित हलचल करें जिससे पास में किसी सुरक्षित स्थान पर पहुंच सकें और भूकंप के झटकों के रुकने पर घर में तब तक रहें जब तक कि आपको यह सुनिष्चित हो जाएं कि बाहर निकलना सुरक्षित है।

यदि आप घर के अंदर हों

आप यदि घर के अंदर हों तो जमीन पर झुक जाए, किसी मजबूत मेज अथवा फर्नीचर के किसी हिस्से के नीचे षरण लें अथवा तब तक मजबूती से पकड़कर बैठे रहें जब तक कि भूकंप के झटके न रुक जाएं। यदि आपके पास कोई मेज या डेस्क न हो तो अपने चेहरे तथा सिर को अपने बाजुओं से ढक लें और बिल्डिंग के किसी कोने में झुक कर बैठ जाएं।
किसी आंतरिक दरवाजे के लिन्टॅल (लेंटर), किसी कमरे के कोने में, किसी मेज अथवा यहां तक कि किसी पलंग के नीचे रुककर अपने आपको बचाएं।
षीषे, खिड़कियों, दरवाजों तथा दीवारों से दूर रहें अथवा ऐसी कोई चीज जो गिर सकती हो (जैसे लाइटिंग फिक्सचर्स या फर्नीचर), से दूर रहें।
भूकंप के षुरू होने पर, यदि आप उस समय पलंग पर हांे तो पलंग पर ही रहें। अपने सिर पर किसी तकिए को ढककर बचाएं जब तक कि आप किसी भारी लाइट फिक्सचर जो गिर सकती हो, के नीचे न आएं। यदि ऐसी स्थिति हो तो पास के किसी सुरक्षित स्थान की ओर खिसक जाएं।
षरण लेने के लिए तभी ऐसे किसी दरवाजे से निकलकर बाहर जाएं जब वह आपके निकट हो और आप जानते हों कि ये किसी सषक्त सहारे (सपोर्ट) वाला है या यह सषक्त और वजन को झेल सकने वाला दरवाजा है।
जब तक भूकंप के झटके न रुके तथा बाहर जाना सुरक्षित न हो तब तक अंदर रुके रहंे। अनुसंधान से यह पता चला है कि ज्यादातर चोटें तब लगती है जब भवन के अंदर मौजूद लोग किसी दूसरी जगह अथवा बाहर जाने का प्रयास करते हैं।
ध्यान रखें कि बिजली कभी भी जा सकती है अथवा स्प्रिंकलर सिस्टम अथवा चेतावनी वाले फायर अलार्म कभी भी चालू हो/बज हो सकते हैं।
यदि आप घर के बाहर हों

यदि आप घर के बाहर हों तो जहां हों वहां से आप न हिलें। तथापि बिल्डिंग, पेड़ों, स्ट्रीट लाइटों तथा बिजली/टेलीफोन आदि की तारों आदि से दूर रहें।
यदि आप किसी खुली जगह पर हों तो वहां तब तक रुके रहें जब तक कि भूकंप के झटके न रुक जाएं। सबसे बड़ा खतरा बिल्डिंग के बाहर, निकास द्वारों तथा इसकी बाहरी दीवारों के पास होता है। भूकंप से संबंधित अधिकांष दुर्घटनाएं दीवारों के गिरने, टूटकर गिरने वाले कांच तथा गिरने वाली वस्तुओं के कारण होती हैं।
यदि किसी चलते वाहन में हों

जितनी जल्दी संभव हो सुरक्षा के साथ गाड़ी रोकें तथा गाड़ी में रुके रहें। बिल्डिंग, पेड़ों, ओवरपास, बिजली/टेलीफोन आदि की तारों के पास अथवा नीचे रुकने से बचें।
सावधानी से भूकंप के रुकने के बाद आगे बढ़ें अथवा सड़कों, पुलों, रैम्प से बचें जो भूकंप द्वारा क्षतिग्रस्त हुए हो सकते हैं।
यदि मलबे के नीचे फंसे हों

माचिस की तीली को न जलाएं।
धूल न उड़ाएं अथवा हिले-डुले नहीं।
अपने मुंह को किसी रुमाल अथवा कपड़े से ढकें।
किसी पाइप अथवा दीवार को थपथपाएं ताकि बचाने वाले आपको ढूंढ सकें। यदि उपलब्ध हो तो सीटी का उपयोग करें । अगर और कोई उपाय न हो तो तेजी से चिल्लाएं। चिल्लाने से आपके मुंह में सांस के द्वारा खतरनाक धूल अंदर जा सकती है।

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें